शरीर में कई तरह के हार्मोन्स पाए जाते हैं। यह हार्मोन्स हमारे स्वास्थ्य से कई तरह जुड़े होते हैं, इसी वजह से लाइफस्टाइल से जुड़ी ज्यादातर बीमारियां जैसे कि डायबिटीज, थॉयराइड, पीसीओडी और पीसीओएस हार्मोन्स से ही जुड़ी होती हैं। वहीं यदि आपको अच्छे से नींद नहीं आती तो इसके लिए भी कहीं न कहीं हार्मोन्स ही जिम्मेदार हो सकते हैं। अच्छी नींद न आने के कारण शरीर में कार्टिसोल हार्मोन बढ़ जाता है और मेलाटोनिन का स्तर कम होने लगता है। मेलाटोनिन नींद के लिए बेहद जरुरी माना जाता है ऐसे में यदि इसकी कमी हो तो आप इसको नैचुरली बढ़ा सकते हैं। तो चलिए आज आपको बताते हैं कि कैसे आप मेलाटोनिन का स्तर बढ़ा सकते हैं और क्या इससे दिमाग भी शांत रहेगा।
बादाम
यह आपके शरीर में मेलाटोनिन को बढ़ाने में मदद करेगा। इसमें मैग्नीशियम पाया जाता है जो मेलाटोनिन की प्रोडक्शन में फायदेमंद होगा। यदि आप रोज एक मुट्ठी बादाम खाएंगे तो आपकी स्लीप साइकिल सुधरेगी और नींद भी अच्छी आएगी।

केला
इसका सेवन करने से भी शरीर में मेलाटोनिन का प्रोडक्शन नैचुरली बढ़ेगा। इसमें पौटेशियम, मैग्नीशियम और विटामिन-बी6 पाया जाता है। यह सारे पोषक तत्व मिलकर मेलाटोनिन का प्रोडक्शन बढ़ाने का काम करेंगे। यदि आप रोज केल खाएंगे तो आपको नींद अच्छी आएगी।
चेरी
यह भी मेलाटोनिन का प्रोडक्शन बढ़ाने में फायदेमंद रहेगी। डेली डाइट में यदि आप चेरी शामिल करेंगे तो इससे आपकी स्लीप साइकिल सुधरेगी। चेरी को खाने के अलावा आप इसका जूस निकालकर भी पी सकते हैं। इससे आपका दिमाग रिलैक्स होगा और नींद में भी सुधार होगा।
अंगूर
इसे खाने से भी आपको अच्छी नींद आएगी। लाल और जामुन अंगूर में मेलाटोनिन पाया जाता है जो अच्छी मात्रा में पाया जाता है। ग्रेप्स की स्किन में गूदे से ज्यादा मेलाटोनिन पाया जाता है ऐसे में आप अपनी डेली डाइट में अंगूर शामिल कर सकते हैं।
पिस्ता
बादाम और अखरोट की तरह पिस्ता भी अच्छी नींद के लिए फायदेमंद होता है। इसमें बाकी नट्स के मुकाबले मेलाटोनिन ज्यादा पाया जाता है ऐसे में आप डेली डाइट में पिस्ता शामिल कर सकते हैं।

अखरोट
इसको भी स्लीप क्वालिटी इंप्रुव करने के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। इसमें भी मेलाटोनिन पाया जाता है इससे नींद अच्छी आएगी। इसमें हैल्दी फैट्स और अमीनो एसिड पाए जाते हैं जो सेराटोनिन और मेलाटोनिन को बढ़ाने में मदद करेंगे।
इस बात का भी रखें ध्यान
मेलाटोनिन का स्तर बढ़ाने के लिए स्ट्रेस भी दूर रखें क्योंकि स्ट्रेस ज्यादा होने से शरीर में कार्टिसोल बढ़ेगा और बॉडी भी एक्टिव रहेगी। आप अपना स्लीप शैड्यूल मेंटेन करने के लिए रोज एक ही टाइम पर सोएं। इस तरह आपका स्लीप साइकिल अच्छा होगा।
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।
