कैंसर के इलाज में कीमोथेरेपी, रेडिएशन, इम्यूनोथेरेपी और अन्य दवाओं का इस्तेमाल होता है। इसके इलाज में शरीर के लिए हानिकारक कैंसर कोशिकाओं को नष्ट किया जाता है। इस इलाज से शरीर के कई हिस्सों पर असर पड़ता है। कैंसर के इलाज के साइड इफेक्ट्स में जी मिचलाना, थकान और हेयर लॉस जैसे सामान्य लक्षण दिखते हैं। ऐसे ही कुछ खास कैंसर का इलाज कराते समय मरीजों को आंखों से जुड़ी समस्याओं का सामना भी करना पड़ता है। इससे उनका लाइफस्टाइल प्रभावित होता है और उन्हें कार चलाने या किसी चीज को पढ़ने में दिक्कत होती है। आंखों पर पड़ने वाले प्रभावों का समय पर इलाज यदि न किया जाए तो यह एक गंभीर समस्या बन सकती हैं। आंखों पर पड़ने वाले प्रभाव की जांच के बाद डॉक्टर संबंधित समस्या को कम करने पर विचार कर सकते हैं। तो चलिए आज आपको इस आर्टिकल के जरिए बताते हैं कि कैंसर के इलाज से आंखों पर क्या असर होता है।

आंखों का लाल होना और सूजन

कैंसर के इलाज में शामिल कुछ दवाईयां आंखों की रक्त वाहिकाओं को प्रभावित करती हैं, जिससे आंखें लाल और सूजन भी हो सकती है। इससे आंखें थकी हुई और भारी महसूस हो सकती हैं। साथ ही, कुछ लोगों को आंख आने और आंखें लाल रहने की समस्या हो सकती है।

ड्राई आई सिंड्रोम

कीमोथेरेपी और रेडियोथेरेपी से आंखों की आंसू बनाने वाली ग्रंथियां प्रभावित होती हैं, जिससे आंखों की नमी कम होने लगती है। ऐसे में मरीज को आंखों पर ड्राईनेस की समस्या होने लगती हैं और ड्राई आई सिंड्रोम की स्थिति उत्पन्न होती है। इस दौरान आंखों में जलन, खुजली और धुंधला दिखाई देने की समस्या होती है।

विजन में धुंधलापन

कुछ कैंसर की दवाएं या रेडियोथेरेपी विजन में धुंधलापन पैदा करती हैं। यह अस्थायी हो सकता है, लेकिन कुछ मामलों में लंबे समय तक यह समस्या बनी रह सकती है। इस स्थिति में मरीज को आंखों पर जोर डालने में परेशानी हो सकती है, जैसे पढ़ाई, टीवी देखना या कंप्यूटर पर काम करना मुश्किल हो सकता है। इसके अलावा कुछ मामलों में व्यक्ति को फोटोफोबिया, मोतियाबिंद और कंजक्टिवाइटिस की समस्या भी हो सकती है।

ऐसे करें आंखों का बचाव

आंखों की नियमित जांच करवाएं।

ड्राई आई के लिए लुब्रिकेटिंग आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल जरुर करें।

फोटोफोबिया की स्थिति में तेज रोशनी से बचें। घर में हल्की रोशनी का इस्तेमाल करें और बाहर जाते समय धूप से बचने के लिए सनग्लासेस पहनें।

आंखों में सूजन या जलन होने पर ठंडी सिंकाई करें आपको राहत मिलेगी।

पर्याप्त रूप में आराम करें।

इस बात का भी रखें ध्यान

कैंसर उपचार से आंखों में अलग-अलग प्रकार के बदलाव हो सकते हैं, लेकिन सही देखभाल और प्रबंधन से इन समस्याओं को रोका और नियंत्रित किया जा सकता है। आंखों की नियमित जांच, उचित आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल और स्वच्छता का ध्यान रखकर आप आंखों से संबंधित समस्याओं से बच सकते हैं। कैंसर का इलाज कराते समय आंखों में होने वाली परेशानियों में आप डॉक्टर से संपर्क करें।

By tnm

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