इडली ऐसी चीज है जिसे बहुत से लोग ब्रेकफास्ट में खाना पसंद करते हैं। सिर्फ साउथ इंडियन ही नहीं बल्कि बाकी लोग भी इसे बहुत चाव से खाते हैं। स्वाद से भरपूर होने के साथ-साथ यह बहुत हेल्दी भी मानी जाती है लेकिन क्या आपने सोचा है इडली खाने से आपको कैंसर हो सकता है। जी, हां एक्सपर्ट्स की मानें तो प्लास्टिक में बनने के कारण इडली खाने से शरीर में टॉक्सिन्स बढ़ने का खतरा रहता है। इसके कारण पेट संबंधी बीमारियां हो सकती हैं। इसके अलावा यह हार्मोनल प्रॉब्लम्स का कारण भी बन सकती है। आइए आज आपको बताते हैं कि इडली कैसे कैंसर का कारण बनेगी।

कैंसर का रहेगा खतरा

रिपोर्ट्स की मानें तो इडली खाने से कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा भी हो सकता है। फूड डिपार्टमेंट ने अपनी जांच में पाया कि बेंगलुरु के कई ऐसे इलाके हैं जहां पर किडनी बनाने के लिए पारंपरिक सूती कपड़ा नहीं बल्कि प्लास्टिक शीट इस्तेमाल होती है। यह प्लास्टिक इडली बनाते समय गर्मी के संपर्क में आती है जिसके कारण जहरीले कैमिकल पैदा होते हैं। यह कैमिकल शरीर में जाकर धीरे-धीरे गंभीर रोग का कारण बन सकते हैं।

100 से ज्यादा लिए गए सैंपल्स

अधिकारियों ने जांच में यह पाया कि इनमें से 35 से ज्यादा सैंपल्स सेहत के लिए बहुत खतरनाक हैं। वहीं अभी 100 से ज्यादा सैंपल्स की रिपोर्ट नहीं आई है। अधिकारियों का कहना है कि प्लास्टिक का इस्तेमाल पर भी रोक लग सकती है। वहीं अगर रिपोर्ट में ज्यादा चौंकाने वाले तथ्य दिखे तो इडली बनाने का नियम भी बदल सकता है।

इडली में इस्तेमाल होते हैं कई रंग

जांच के दौरान अधिकारियों ने यह भी पाया है कि दुकानदार और होटल में इस्तेमाल होने वाले चावल और उरद दाल खराब क्वालिटी की है। इडली को ज्यादा सफेद और सुंदर दिखाने के लिए उसमें ब्लीचिंग पाउडर, सिंथेटिक रंग और कैमिकल्स मिलाए जाते हैं जो कि खाने वाली चीजों में नहीं होने चाहिए। यह हानिकारक तत्व आपके शरीर में जाकर सेहत को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं।

कैमिकल बढ़ाएगा कैंसर का खतरा

इडली को बनाने के लिए जो प्लास्टिक इस्तेमाल होती है उसमें बिसफेनॉल नाम का कैमिकल पाया जाता है। यह कैमिकल कैंसर का खतरा बढ़ाएगा। ऐसे ही यदि प्लास्टिक में फथलेट्स हो तो यह ज्यादा खतरनाक होते हैं और यह कैमिकल कार्सिजोनिक होते हैं जो कैंसर का खतरा बढ़ाएंगे। यदि कोई व्यक्ति इन कैमिकल्स के संपर्क में आए तो कैंसर का खतरा कई गुना तक बढ़ता है। खतरा उस समय ज्यादा बढ़ता है जब प्लास्टिक में इडली रखी जाती है।

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।

By tnm

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