भारत में ऋषि मुनि सदियों से योगाभ्यास कर रहे हैं। योग हमारे शरीर की एनर्जी को बैलेंस करने में मदद करते हैं। इसके साथ ही, यह शरीर की इम्यूनिटी को क्षमता को बेहतर बनाकर आपको कई तरह की बीमारियों से बचाने में भी मददगार होते हैं लेकिन, समय के साथ योग का अभ्यास कम किया जाने लगा है लेकिन, इसके प्रभाव सदियों से व्यक्ति के शरीर में एक ही तरह के होते हैं। एक्सपर्ट्स बताते हैं कि योग क्रियाओं से आज के समय में होने वाला तनाव, स्ट्रेस, चिंता और अवसाद को आसानी से दूर कर सकते हैं। इससे आप चीजों पर फोकस कर पाएंगे और आपके काम बेहतर तरीके से हो पाएंगे। इस आर्टिकल के जरिए एक्सपर्ट्स से जानते हैं कि तनाव को दूर करने के लिए किस तरह का श्वास योगाभ्यास आप कर सकते हैं और इसके क्या-क्या फायदे होंगे।
तनाव को दूर करेगा यह योगाभ्यास
. सांसो से जुड़े योगाभ्यास करने से आपके मस्तिष्क को आराम मिलेगा।
. ब्रिदिंग योग से शरीर में ऑक्सीजन का संतुलन बन रहेगा जिससे थकान और अवसाद जैसी समस्याओं से राहत मिलेगी।
.इस तरह के योगाभ्यास से ब्रेन में ऑक्सीजन का फ्लो बढ़ेगा जिससे तनाव में कमी आएगी और ब्रेन की थकान दूर होगी।
. इन योग क्रियाओं से आप किसी भी काम को फोकस होकर कर पाएंगे।
. इस योगाभ्यास से आपको बेहतर तरीके से नींद आएगी।

. सांस से जुड़े योगाभ्यास हृदय गति को संतुलित करेंगे, जिससे हार्ट हेल्थ बेहतर होगी।
. इसमें आपको सबसे पहले सुखासन में बैठना होगा।
. फिर इसके बाद आप ज्ञान मुद्रा को लगाएं।
. अब आंखों को बंद करते हुए सांस को बाहर छोड़ दें।
. इसके बाद फेफेड़ों में आधी सांस भरे और रुककर दोबारा सांस लेते हुए फेफेड़ों में पूर्ण रूप से हवा भरें।
. फिर बाद हवा को मुंह से बाहर निकालें।
. तनाव होने पर आप इस योगाभ्यास को आप 3-5 मिनट तक कर सकते हैं।
. नियमित रूप से इस अभ्यास से आपको तनाव में 2-3 दिनों में ही फर्क दिखने लगेगा।
इस बात का भी रखें ध्यान
इसके अलावा, आप अनुलोम विलोम, कपालभाति, भ्रामरी प्राणायाम और नाड़ी शोधन प्राणायाम कर सकते हैं। इससे तनाव को दूर करने में मदद मिलेगी। यदि आपको योगाभ्यास करने में परेशानी हो तो ऐसे में आप किसी ट्रेनर की देखरेख में योग क्रियाएं करें।

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।
