विश्व इमरजेंसी मेडिसिन दिवस के उपलक्ष्य में एनएचएस हॉस्पिटल डॉक्टरों के लिए इमरजेंसी देखभाल में मरीजों की सुरक्षा बढ़ाने के खास कार्यक्रम का आयोजन कर रहा है। ये कार्यक्रम 26 मई को हॉस्पिटल के ऑडिटोरियम में किया जाने वाला है।
दरअसल 27 मई को विश्व इमरजेंसी मेडिसिन दिवस मनाया जाता है। इस मौके पर एनएचएस हॉस्पिटल 26 मई को, सिंगल स्पेशलिटी वाले अस्पतालों में काम करने वाले डॉक्टर के लिए एक साइंटिफिक प्रोग्राम का रहा है, जिसके तहत इमरजेंसी देखभाल में मरीजों की सुरक्षा को बिलकुल नए स्तर पर ले जाने वाला है। इस कार्यक्रम की शुरुआत 26 मई को सुबह 9 बजे से एनएचएस हॉस्पिटल के ऑडिटोरियम में होगी। जहाँ आने अले डॉक्टर्स सीखेंगे कि मरीज की सुरक्षा में सुधार कैसा किस तरह से किया जा सकता है।
सिर्फ सिंगल स्पेशलिटी हॉस्पिटल्स के डॉक्टरों के लिए ही है खास
ये कार्यक्रम आने वाले सभी डॉक्टर्स के लिए खास रहने वाला है क्योंकि इस कर्यक्रम में एनएचएस हॉस्पिटल के डायरेक्टर्स जिनमे न्यूरोसर्जन डॉ. नवीन चितकारा, ऑर्थोपेडिक डॉ. शुभांग अग्रवाल, न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. संदीप गोयल सहित एनएचएस अस्पताल के जनरल सर्जन डॉक्टर डॉ नरेंदर पॉल, पल्मोनरी मेडिसिन के डॉ. विनीत महाजन, कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. साहिल सारेन, न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. सुरभि महाजन, पीडियाट्रिशियन डॉ. पुनीत बाली, gynaecologist डॉ. ईशा नये तरीकों के बारे में बतायेंगे।
कार्यक्रम में विशेष अतिथि भी शामिल होंगे जिनमें
- डॉ. एसपीएस सूच, सदस्य, पीएमसी
- डॉ. रमन शर्मा, उप निदेशक, स्वास्थ्य, पंजाब
- डॉ. जगदीप चावला, सिविल सर्जन, जालंधर
इस कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएंम रहने वाली हैं
- इमरजेंसी जैसी परिस्थितियों में मरीजों को कैसे संभालें, उनके लिए सही निर्णय कैसे लें
- मुश्किल परिस्थितियों से किस तरह से निपत्लना है
- दर्शकों के अनुभव वाले डॉक्टरों का पैनल आपसे इमरजेंसी देखभाल के गुर साझा करेगा
- एक्सपर्ट्स की तरफ से BLS यानि बेसिक लाइफ सपोर्ट वर्कशॉप में सीपीआर समेत जीवन रक्षक तकनीक भी सिखाई जाएगी
आपक बता दें एनएचएस हॉस्पिटल हमेशा से सर्वोत्तम इलाज और आधुनिक सुविधाओं के लिए जाना जाता है। अब इसी कड़ी में हॉस्पिटल इमरजेंसी देखभाल में भी क्रांति लाने के लिए तैयार हैं। इस कार्यक्रम में शामिल होकर आप सभी अपने ज्ञान को बढ़ाएं और इमरजेंसी में मरीजों के लिए जीवनरक्षक बनने का संकल्प भी लें।
