प्रेग्नेंसी हर महिला के लिए बहुत ही खास समय होता है। इस दौरान उन्हें अपना ज्यादा ध्यान रखने की जरुरत होती है क्योंकि थोड़ी सी भी लापरवाही उनके गर्भ में पल रहे शिशु के लिए परेशानी बन सकती है इसलिए प्रेग्नेंसी में आप क्या खा रही हैं कब खा रही हैं पूरा आराम कर रही हैं या नहीं ऐसी कई बातों का ध्यान रखना बहुत जरुरी होता है। यह चीजें बच्चे की ग्रोथ पर भी असर डालता है। प्रेग्नेंसी में वह खुद को हेल्दी रखने के लिए एक्सरसाइज भी करती हैं। एक्सपर्ट्स की मानें तो इस दौरान हल्की-फुल्की एक्सरसाइज करना सही है लेकिन यदि आप ज्यादा एक्सरसाइज करेंगे तो इससे शिशु पर भी असर होगा। तो चलिए आपको बताते हैं कि प्रेग्नेंसी में ज्यादा एक्सरसाइज करने से आपको क्या-क्या नुकसान होगा।

चक्कर आएंगे

यदि प्रेग्नेंट महिला कमजोर है तो उसे ज्यादा एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए। वैसे तो ज्यादा एक्सरसाइज किसी भी प्रेग्नेंट महिला के लिए नुकसानदायक होगी खासतौर पर यदि महिला कमजोर हो और उसके शरीर में खून की कमी है तो ज्यादा एक्सरसाइज करने से उन्हें चक्कर आ सकते हैं। इसके अलावा उनका सिर भी घूमेगा हालांकि इस बात का ध्यान रखें कि प्रेग्नेंसी में सिर घूमना सही नहीं है। ऐसा होने के कारण उनका सिर अचानक जमीन पर गिर सकता है जिसके कारण गर्भ में पल रहे शिशु को भी नुकसान होगा।

वजाइना से होगी ब्लीडिंग

प्रेग्नेंसी में योनि से रक्तस्त्राव होना बिल्कुल अच्छा नहीं माना जाता। यह समस्या गंभीर स्थिति का संकेत देती है इसलिए यदि किसी महिला के साथ ऐसा हो रहा है तो उन्हें तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए हालांकि यदि आपको यह ब्लीडिंग एक्सरसाइज के दौरान हो तो यह खराब स्वास्थ्य का लक्षण हो सकता है। वजाइनल ब्लीडिंग होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें इससे शिशु के स्वास्थ्य पर बुरा असर होगा।

फूल सकती है सांस

एक्सपर्ट्स की मानें तो प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाओं को हल्की एक्सरसाइज ही करनी चाहिए। ऐसी कोई भी एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए जिससे आपकी सांस फूले। इसके अलावा ऐसी एक्सरसाइज भी न करें जिसके लिए आपको डॉक्टर ने मना किया हो आप लाइट एक्सरसाइज ही करें जिसमें वॉकिंग जैसी एक्टिविटीज शामिल हों।

बढ़ जाएगा दर्द

प्रेग्नेंसी के दौरान हड्डियों, कमर और पीठ में दर्द होना आम है खासतौर पर उन महिलाओं के साथ यह समस्या ज्यादा होती है जिनकी दूसरी या फिर तीसरी तिमाही चल रही हो क्योंकि जैसे-जैसे प्रेग्नेंसी के दिन बढ़ते हैं वैसे ही गर्भ में पल रहे शिशु का भार भी बढ़ जाता है। इसका असर उसके पेट के निचले हिस्से पर पड़ता है जिसके कारण पीठ और कमर भी प्रभावित होती है। वहीं यदि कोई महिला बहुत ज्यादा एक्सरसाइज करे तो उन्हें जोड़ों, कमर और पीठ में दर्द हो सकता है।

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।

By tnm

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