पुणे में लगातार जीका वायरस के मामले में वृद्धि देखी जा रही है। खासकर गर्भवती महिलाएं इसकी चपेट में आ रही हैं। दरअसल हाल ही में पुणे में दो और गर्भवती महिलाओं में जीका वायरस की पुष्टि की गई है, जिससे शहर में जीका वायरस के कुल 15 मामले हो गए हैं। बता दें कि इन 15 मामलों में से 8 गर्भवती महिलाएं शामिल हैं।
पीएमसी ने क्या बताया
पुणे नगर निगम (पीएमसी) के असिस्टेंट चीफ मेडिकल ऑफिसर डॉ राजेश दिघे ने बताया कि जिन दो गर्भवती महिलाओं में जीका वायरस की पुष्टि की गई है, वे पाषाण की झुग्गियों में से हैं। उन्होंने बताया कि जब जांच के लिए वहां अधिकारियों को भेजा गया तो पाया कि वहां पानी के कंटेनर या टैंक ठीक से ढके नहीं हैं और मच्छरों के प्रजनन के लिए जगह बन गए हैं।
संक्रमित महिलाओं को ये लक्षण महसूस हुए
बता दें कि एक महिला गर्भावस्था के 28वें सप्ताह में है जबकि दूसरी महिला गर्भावस्था के 23वें सप्ताह में है। वहीं एक महिला का उम्र 18 साल है तो दूसरी का उम्र 19 साल है। उन दोनों महिलाओं को शुरू में जोड़ों में दर्द और सिरदर्द जैसे लक्षण महसूस हुए जिसके बाद वो जांच के लिए अस्पताल पहुंची। हालांकि दोनों की हालत अभी ठीक है।
15 साल का लड़का भी इस वायरस से संक्रमित
साथ ही पीएमसी ने एक 15 साल के लड़के की भी जीका वायरस से संक्रमित होने की जानकारी दी है। बता दें कि परिवार ने लड़के का इलाज निजी अस्पताल में करवाया, जहां अस्पताल ने जांच के लिए सीधे आईसीएमआर-एनआईवी को नमूना भेजा था। वहीं लड़के की रिपोर्ट आ चुकी है और हेल्थ ऑफिसर ने लड़के की हाल बेहतर बताई है।
1.3 लाख रुपए का जुर्माना वसूला गया
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि मच्छरों के प्रजनन के स्थान चिन्हित किए जाने पर सोसायटियों और निर्माणाधीन स्थलों से 1.3 लाख रुपए का जुर्माना वसूला गया है। वहीं पुणे के वारजे, कर्वेनगर, मुंधवा, पाषाण, अम्बेगांव, सिंहगढ़ रोड, खराडी और कलस में 354 घरों में मच्छरों के प्रजनन के स्थान पाए गए।
क्या है जीका वायरस के लक्षण
बुखार होना
जोड़ों में दर्द महसूस होना
सिर दर्द होना
स्किन पर चकते पड़ना थकावट महसूस होना
