एक तरह जहां गर्मी भारत के अधिकाश राज्यों में अपना प्रचंड रूप दिखा रही है। वहीं दूसरी तरफ लोग तेज धूप और गर्मी की वजह से कई सेहत समस्याओं से जूझ रहे हैं। जिसमें डिहाइड्रेशन, उल्टी, दस्त, हीट स्ट्रोक, बीपी और चक्कर आना आदि समस्याएं शामिल है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इस भीषण गर्मी में हीट वेव की वजह से  केवल बड़े ही नहीं बल्कि बच्चे भी हाई बीपी की चपेट में आ रहे है। इतना ही नहीं इससे बच्चों के दिल और दिमाग पर भी काफी असर पड़ रहा है। ऐसे में हेल्थ एक्सपर्ट्स ने लोगों से अपने बच्चों का खास ध्यान रखने की अपील की है। चलिए इसके बारे में जानते हैं।

तेज धूप से दिमाग पर पड़ता है बुरा असर

जब कोई व्यक्ति तेज धूप में बाहर जाता है या सारा दिन धूप में काम करता है तो इससे भी दिमाग की सेहत पर बुरा असर पड़ता है। दरअसल तेज धूप की वजह से शरीर में मौजूद थर्मोरेगुलेशन प्रोसेस काफी प्रभावित होता है। जिस वजह से लोगों को तेज सिरदर्द, चक्कर आना, डिहाइड्रेशन और बेहोशी की समस्या होने लगती है। अगर कोई व्यक्ति धूप से आ रहा है और उसमें ये लक्षण दिखते हैं तो तुरंत उसे डॉक्टर के पास लेकर जाएं।

आखिर बच्चों में क्यों बढ़ रहा है बीपी की समस्या

दरअसल इन दिनों काफी बच्चे डिहाइड्रेशन के शिकार हो रहे हैं। वहीं हीट स्ट्रोक की वजह से बच्चों के हार्ट पर असर पड़ता है। जिस वजह से बच्चों में बीपी की समस्या बढ़ जाती है। हालांकि कुछ बच्चें एंग्जायटी के समस्या से भी ग्रसित हो रहे हैं। ऐसे में पेरेंट्स अपने बच्चों पर खास ध्यान दें और उन्हें हाइड्रैट रखने के लिए नारियल पानी, नींबू पानी आदि पेय पदार्थों का सेवन करवाएं।  

बच्चों में बीपी बढ़ने के लक्षण

हीट वेव की वजह से काफी बच्चों में बीपी बढ़ने के लक्षण देखे जा रहे हैं। जिसमें सांस लेने में दिक्कत होना, नाक से खून बहना, तेज सिर दर्द होना, सीने में जलन महसूस होना, घबहराहट होना और उल्टी आने के लक्षण नजर आते हैं। वहीं बच्चों में ऐसे के लक्षण नजर आयें तो तुरंत डॉक्टर से बच्चे का बीपी चेक करवाएं।

बच्चों को हीट वेव से बचाने के उपाय

दोपहर के समय बच्चों को बाहर न निकलने दें

बच्चों को ढीले-ढाले कपड़े पहनाएं

उन्हें ज्यादा से ज्यादा पेय पदार्थों का सेवन करवाएं

By tnm

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *