अंडे को सुपरफूड्स में गिना जाता है। अंडे में बॉडी के लिए कई जरूरी पोषक तत्व मौजूद होते हैं खासकर जो लोग वेट लॉस करना चाहते हैं, वे प्रोटीन इंटेक के लिए अंडा खाना पसंद करते हैं। प्रोटीन से एक तो फूड क्रेविंग कंट्रोल होती है और साथ ही मेटाबॉलिज्म भी बूस्ट होता है और फिर बॉडी ज्यादा मात्रा में कैलोरी बर्न करती है।
वैसे बाजार में दो तरह के अंडे आते हैं। एक का रंग सफेद और दूसरे का ब्राउन। फिर लोगों के मन में कई बार सवाल आता है कि कौन से अंडे में ज्यादा प्रोटीन होता है या वेट लॉस के लिए किसे खाना ज्यादा फायदेमंद हो सकता है। ऐसे में अगर आपके मन में भी ये सवाल आता है तो ये आर्टिकल आपके लिए मददगार हो सकता है।
सफेद और ब्राउन अंडे में अंतर
आपको बता दें कि सफेद अंडे उन मुर्गियों द्वारा दिए जाते हैं जिनकी स्किन और कान की लोब सफेद होती है और ब्राउन अंडे ब्राउन या लाल रंग की मुर्गियों से आते हैं।
बाजार में ब्राउन अंडे महंगे क्यों?
बाजार में ब्राउन अंडे की कीमत सफेद अंडे से ज्यादा है तो फिर कई लोग मानते हैं कि ब्राउन अंडा सफेद अंडे से ज्यादा हेल्दी है या ज्यादा पोषक तत्व पाए जाते हैं, जबकि ये धारणा पूरी तरह गलत है। वे इतने महंगे इसलिए बिकते हैं क्योंकि इन्हें देने वाली मुर्गियां ज्यादा फीड खाती हैं। इससे अलग दोनों अंडों के पोषण में बहुत मामूली अंतर है।
आपको बता दें कि दोनों अंडों में ही प्रोटीन की मात्रा बराबर होती है। साथ ही दोनों प्रकार के अंडों में सामान्य कैलोरी और फैट होता है। ब्राउन अंडे में कुछ मात्रा में ओमेगा-3 फैटी एसिड अधिक हो सकता है लेकिन यह अंतर बहुत मामूली है।
वेट लॉस के लिए क्या खाएं?
अब जैसे कि आपने पढ़ा कि दोनों अंडों में प्रोटीन, कैलोरी और फैट की मात्रा लगभग समान होती है तो वेट लॉस के लिए आप सफेद या ब्राउन किसी भी अंडे का सेवन कर सकते हैं।
हेल्दी तरीके से खाएं अंडे
अंडे को हेल्दी तरीके से खाने के लिए सिर्फ एग व्हाइट खाएं। कैलोरी कम लेना चाहते हैं तो अंडे का सिर्फ सफेद भाग खाएं। वैसे उबला हुआ अंडा भी एक अच्छा विकल्प है, तले या ज्यादा मसालेदार अंडे से बचें। कोशिश करें कि अपने ब्रेकफास्ट में अंडा शामिल करें। इससे मेटाबॉलिज्म बूस्ट होगा और आपको लंबे समय तक भरा हुआ महसूस होता है। आप अंडे को सब्जियों के साथ मिलाकर भी खा सकते हैं, ऐसा करने से पोषण बढ़ता है और फाइबर भी।
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।
