आजकल की खराब लाइफस्टाइल और खानपान की वजह से लोगों को कई तरह की समस्याएं हो रही हैं । जिसमें से लिवर से जुड़ी गंभीर बीमारियां भी शामिल है। वहीं कई बार लिवर की गंभीर बीमारी होने पर पेशेंट को अपना लिवर ट्रांसप्लांट भी करना पड़ता है। बता दें मध्य प्रदेश से भी एक ऐसा ही मामला सामने आया है। जहां 17 साल की लड़की अपने पिता को लिवर डोनेट करना चाहती है, क्योंकि उसके पिता को लिवर की गंभीर बीमारी है। लेकिन ऑर्गन डोनेट के कुछ नियमों के कारण वह अपने पिता को लिवर डोनेट नहीं कर सकती है। ऐसे में उसके पिता ने हाई कोर्ट में इस मामले को लेकर याचिका की है ताकि उसकी बेटी को लिवर डोनेट करनी मंजूरी मिल सके।
क्या है पूरा मामला
बता दें कि यह मामला मध्य प्रदेश से सामने आया है जहां एक 42 वर्षीय किसान लिवर की गंभीर बीमारी से पीड़ित है। वहीं किसान की पांच बेटियां है। जिसमें से बड़ी बेटी अपने पिता को लिवर डोनेट करना चाहती है। लेकिन नियमों के मुताबिक लकड़ी अपने पिता को लिवर डोनेट नहीं कर सकती है। ऐसे में किसान ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर बेंच में इस मामले को लेकर याचिका दर्ज की है। याचिका के दौरान किसान ने मांग की है उसकी 17 साल की बेटी को लिवर डोनेट करने की मंजूरी दी जाएं। ऐसे में हाई कोर्ट की इंदौर बेंच ने इस मामले को लेकर प्राइवेट अस्पताल से रिपोर्ट की मांग की है। वहीं किसान के वकील नीलेश मनोरे ने बताया कि इस मामले में जस्टिस बिनोद कुमार द्विवेदी ने निजी अस्पताल से दो दिन में रिपोर्ट पेश करने को कहा है। जिस हॉस्पिटल में किसान को भर्ती किया गया और उसकी बीमारी का इलाज चल रहा है।
इस गंभीर बीमारी से ग्रसित हैं किसान
एडवोकेट नीलेश मनोरे के मुताबिक किसान शिवनारायण 6 साल से लिवर की गंभीर बीमारी डायग्नोज से पीड़ित है। वहीं उसकी पत्नी डायबिटीज से पीड़ित है और उसकी पांच बेटियां हैं, जिसमें से सबसे बड़ी बेटी प्रीति 17 साल की है। जो अपने पिता को लिवर दान करना चाहती है। दरअसल डॉक्टर्स ने साफ-साफ कह दिया है कि अगर जल्दी से शिवनारायण का लिवर ट्रांसप्लांट नहीं हुआ तो उसकी जान भी जा सकती है।
