गुजरात में फैल रहे कांगो बुखार परेशानी बना हुआ है। इसके कारण अब गुजरात में 51 साल के व्यक्ति की मौत हो गई है। आपको बता दें कि कांगो बुखार एक ऐसी गंभीर बीमारी है जो क्रीमियन-कांगो हेमोरेजिक फीवर वायरस के चलते होती है। यह वायरस मुख्य तौर पर टिक्स और बाकी अन्य कीटों के जरिए फैलता है। 51 साल के व्यक्ति की मौत के बाद अब स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो चुका है। हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो बुखार से अपना बचाव करना जरुरी है। इस बुखार की कोई दवाई नहीं आई है। ऐसे में जरुरी है कि शुरुआती लक्षणों पर गौर कर आप अपना बचाव कर पाएं। तो चलिए आपको बताते हैं इसके लक्षणों के बारे में ही।
भारत में पहले भी मिले हैं इसके मामले
भारत में कांगो बुखार के पहले भी कई मामले मिल चुके हैं। साल 2011 जनवरी में गुजरात को इसका पहला मामला सामने आया था। भारत के राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र की मानें तो अहमदाबाद गुजरात से भी 7 मामले इसके सामने आ चुके थे। इसमें 2 मरीजों की मौत हो गई थी। इसके बाद केरल, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में भी लोग इसका शिकार हुए थे। विश्व स्वास्थ्य संगठन की मानें तो क्रीमियन कांगो हेमोरेजिक फीवर वायरस एक जानलेवा बुखार है। इसका इलाज भी कोई नहीं है। इसके कारण व्यक्ति की मौत भी हो सकती है। इसमें मृत्युदर 40 फीसदी है ऐसे में इससे बचाव ही कारगार तरीका है। यह वायरस मुख्य तौर पर पालतू जानवर किलनी के काटने से होता है। किलनी एक छोटा सा कीड़ा है जो जानवरों के शरीर में मौजूद होता है। इसके अलावा यह वायरस संक्रमित व्यक्ति के खून, रिसाव, अंगों या फिर अन्य शारीरिक तरल पदार्थों के सीधे संपर्क में आने के कारण भी फैल सकता है ऐसे में संक्रमित व्यक्ति से दूरी ही बनाकर रखें।

सिर में दर्द
यह कांगो बुखार का बहुत आम लक्षण है लेकिन बाद में यही गंभीर समस्या का कारण बन सकता है। पूरे सिर में यदि आपको सिरदर्द हो तो इसे हल्के में न लें। यह कांगो बुखार के कारण हो सकता है। वहीं यदि दवाई लेने के बाद भी सिर में हो रहा दर्द ठीक न हो तो तुरंत डॉक्टर की सलाह जरुर लें।
बुखार
बुखार भी इसका मुख्य लक्षण है। यह बुखार अचानक और तेजी से बढ़ने लगता है। यदि बुखार हो जाए और कई दिन तक ठीक न हो तो यह कांगो बुखार का ही लक्षण होगा।
मांसपेशियों में दर्द
अगर आपको मांसपेशियों में दर्द रहता है तो भी इसे इग्नोर न करें। यह दर्द आपके पूरे शरीर में भी फैल सकता है।

. उल्टी और दस्त
. पेट दर्द
. खून की उल्टी
. त्वचा पर दाने
इन बातों का रखें ध्यान
. टिक्स और बाकी कीटों से खुद को बचाने के लिए अपने शरीर को पूरी तरह ढकें। खासतौर पर यदि आप किसी जंगल या फिर खुले क्षेत्र में रहते हो।
. साफ-सफाई बनाए रखकर भी आप कांगो बुखार के कारण फैल रहे वायरस को रोक सकते हैं। यदि आपको बुखार का कोई भी लक्षण दिखे तो तुरंत एक्सपर्ट्स से सलाह लें।
Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
