बहुत से ऐसे घर हैं जहां पूरा परिवार एक ही साबुन के साथ नहाता है। फिर चाहे उसमें किसी की बीमारी लग जाए या वे हेल्दी न हो, फिर भी उसका इस्तेमाल किया जाता है। अब बहुत से लोग ऐसे भी हैं कि जो सोचते हैं कि एक ही साबुन का इस्तेमाल करने के कारण इंफेक्शन एक शरीर से दूसरे में कहीं फैल न जाए।
एक्सपर्ट का कहना है कि जिस साबुन को हम एक दूसरे से शेयर करके नहाते हैं उससे ई. कोली, साल्मोनेला और शिगेला जैसे बैक्टीरिया पनपने का डर लगा रहता है, तो यहां जानते हैं कि इससे बीमारी फैलने का डर रहता है या नहीं।
Bacteria
2-5 तरह के अलग-अलग बैक्टीरिया साबुन के ऊपर जमा हो जाते हैं। एक रिसर्च के मुताबिक 62 प्रतिशत साबुन गंदे पाए गए हैं। वहीं 3 प्रतिशत लिक्विड सोप। साबुन पर छिपे बैक्टीरिया एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलते हैं।
एक्सपर्ट के मुताबिक साबुन पर ई. कोली, साल्मोनेला और शिगेला बैक्टीरिया के कारण नोरोवायरस और रोटावायरस और स्टैफ जैसे वायरस होते हैं। किसी को चोट या खरोंच लगी है तो एक साबुन के यूज से बैक्टीरिया दूसरे तक पहुंच सकता है और इससे बीमारियां फैलती हैं। ये बैक्टीरिया स्टैफ और ई कोली जैसी बीमारी पैदा करते हैं।
क्या साबुन से फैलता है रोग?
साबुन पर बैक्टीरिया तो मौजूद होते हैं, लेकिन अभी तक रिसर्चर्स से ये सही तरह पक्का नहीं हो पाया है कि साबुन के जरिए सामान्य तौर पर बीमारी फैलती है या नहीं। एक स्टडी के अनुसार पता चला कि साबुन रोग तो नहीं फैला सकते हैं।
इन्फेक्शन का खतरा
चलो फिलहाल अभी तो पता नहीं चल पाया है लेकिन फिर भी हम बेफिक्र होकर किसी का भी साबुन इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं। आपको बता दें कि एक ऐसा इंफेक्शन है, जो एक साबुन सभी के द्वारा इस्तेमाल करने पर फैल सकता है।
अमेरिका में हुई एक स्टडी से पता चला कि मेथिसिलिन-प्रतिरोधी स्टैफिलोकोकस ऑरियस नाम का इंफेक्शन साबुन से फैल सकता है। ये एंटीबायोटिक-प्रतिरोधी स्टैफ संक्रमण है। इसी वजह से लोगों को एक साबुन का यूज नहीं करने की सलाह दी जाती है।
