मेडिकल क्षेत्र से जुड़ी लापरवाहियों के मामले अक्सर सामने आते रहते हैं, जो काफी चौंकाने वाले होते हैं। इसी कड़ी में जयपुर के प्रसिद्ध जे.के. लोन हॉस्पिटल में एक गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। जहां किडनी की बीमारी से जूझ रहे एक 10 वर्षीय बच्चे को गलत ब्लड ग्रुप का खून चढ़ा दिया गया। हालांकि राहत की बात यह रही कि बच्चे पर अभी तक इसका कोई प्रतिकूल असर नहीं हुआ है। यह घटना तब उजागर हुई जब बच्चे के परिजनों ने उसकी हालत को लेकर हंगामा किया और अस्पताल ने मामले की जांच की।

क्या है पूरा मामला

बच्चे की किडनी की स्थिति बचपन से खराब थी, जिसके कारण उसे 5 दिसंबर को अस्पताल में भर्ती किया गया था। उसे क्रिटिकल केयर यूनिट में एडमिट किया गया और 7 दिसंबर को उसे ‘O पॉजिटिव’ ब्लड चढ़ाना था। लेकिन अस्पताल में ब्लड बैंक द्वारा ‘O पॉजिटिव’ की जगह ‘AB पॉजिटिव’ ब्लड चढ़ा दिया गया। इसके बाद दो दिन बाद यानी 9 दिसंबर को फिर से ‘AB पॉजिटिव’ ब्लड चढ़ा दिया गया।

परिजनों ने की हंगामा, रिपोर्ट आई नॉर्मल

बच्चे के परिजनों ने जब मामले की जानकारी पाई, तो उन्होंने अस्पताल में हंगामा किया। इसके बाद बच्चे की जांच करवाई गई, और राहत की बात यह रही कि सभी रिपोर्ट नॉर्मल आईं। डॉक्टरों ने बताया कि फिलहाल बच्चे की स्थिति स्थिर है, और किसी तरह का कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा है।

इलाज की फाइल से हुआ खुलासा

मरीज की फाइल की जांच के दौरान इस बड़ी लापरवाही का खुलासा हुआ। अस्पताल प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एक कमेटी बनाई है। कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह गलती किसकी वजह से हुई थी और इस पर क्या कार्रवाई की जाएगी।

अस्पताल प्रशासन की ओर से बयान

इस घटना के बाद अस्पताल के अधीक्षक कैलाश मीणा ने कहा कि कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद दोषी के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की लापरवाही भविष्य में न हो, इसके लिए अस्पताल प्रशासन अतिरिक्त सतर्कता बरतेगा।

By tnm

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *