भारत की प्रसिद्ध बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल, जिन्होंने देश के लिए कई गौरवशाली उपलब्धियां हासिल की हैं, अब अपनी खेल यात्रा के अंत के करीब हैं। इसका कारण उनके घुटनों में हो रही गठिया की समस्या है, जिससे उन्हें अपने करियर को जारी रखने में कठिनाई हो रही है। गगन नारंग के ‘हाउस ऑफ ग्लोरी’ पॉडकास्ट में साइना ने अपनी वर्तमान स्थिति पर खुलासा किया कि गठिया के कारण अब उनके लिए पहले की तरह ट्रेनिंग करना मुमकिन नहीं हो पा रहा है। इस स्थिति ने न सिर्फ उनकी शारीरिक क्षमता पर असर डाला है, बल्कि उन्हें अपने भविष्य के बारे में भी गंभीरता से सोचने के लिए मजबूर कर दिया है।
साइना ने कहा, “मैं अभी भी खेलना चाहती हूं, लेकिन शरीर साथ नहीं दे रहा है।” उनके इस बयान ने सभी को चौंका दिया। उन्होंने आगे बताया कि गठिया की वजह से उनका कार्टिलेज काफी क्षतिग्रस्त हो गया है। इस वजह से लंबे समय तक खेलने की उनकी क्षमता में कमी आ गई है, और अब वह आठ-नौ घंटे तक लगातार ट्रेनिंग नहीं कर पाती हैं। उन्होंने कहा कि अगर वह इस साल के अंत तक कोई फैसला लेती हैं तो यह उनकी सेहत और उनकी वर्तमान स्थिति को ध्यान में रखते हुए होगा।
अर्थराइटिस: क्या है यह समस्या
अर्थराइटिस एक सामान्य बीमारी है, जो लाखों लोगों को प्रभावित करती है। यह स्थिति विशेष रूप से जोड़ों में सूजन, दर्द और खिंचाव का कारण बनती है। यह कई प्रकार का हो सकता है, लेकिन इसके लक्षण लगभग एक जैसे होते हैं। इस समस्या के कारण व्यक्ति के सामान्य जीवन में काफी कठिनाई हो सकती है, खासकर अगर वह व्यक्ति एक एथलीट हो। साइना नेहवाल जैसे खिलाड़ी के लिए, यह स्थिति उनके करियर के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है।
अर्थराइटिस के प्रमुख कारण क्या हैं
आनुवंशिक कारक हो सकता है
बढ़ता उम्र
मोटापे की समस्या
किसी खास संक्रमण की वजह से
ऑटोइम्यून विकार के कारण
क्या है अर्थराइटिस के लक्षण
जोड़ों में दर्द
प्रभावित जोड़ों में सूजन और लालिमा नजर आना
सुबह के समय जोड़ों में खिचाव आना
बहुत ज्यादा थकन महसूस करना
शारीरिक गतिविधियों में कमी
अर्थराइटिस से बचाव के उपाय
वजन को नियंत्रित करें
रेगुलर एक्सरसाइज करें
संतुलित आहार लें
धूम्रपान से बचें
तनाव को कम करें
साइना नेहवाल का यह फैसला न सिर्फ उनकी व्यक्तिगत सेहत के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यह उन सभी लोगों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत है जो किसी न किसी तरह से अर्थराइटिस जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं।
