कोलकाता के आर जी कर मेडिकल कॉलेज में 9 अगस्त 2024 को एक युवा पोस्ट-ग्रेजुएट डॉक्टर, जो चेस्ट मेडिसिन में विशेषज्ञता प्राप्त कर रही थी, के साथ ड्यूटी के दौरान असभ्य तरीके से दुष्कर्म और हत्या की घटना ने पूरे देश को सदमे में डाल दिया है। इस घटना ने न केवल मेडिकल समुदाय बल्कि आम जनता को भी हिला कर रख दिया है। इस दिल दहला देने वाली घटना से मेडिकल समुदाय और देशभर में आक्रोश फैल गया है। ऐसे में IMA जालंधर ने भी एक दिन के लिए मेडिकल सेवाएं बंद करने की अपील की है। वहीं इस विरोध प्रदर्शन की अध्यक्षा आईएम के प्रेसिडेंट डॉ दीपक चावला कर रहे हैं।
24 घंटे के लिए मेडिकल सेवाएं हुई बंद
बता दें कि घटना के बाद कॉलेज के छात्रों और डॉक्टरों ने न्याय की मांग करते हुए प्रदर्शन किया, लेकिन स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर इन छात्रों के खिलाफ की गई दमनकारी कार्रवाई ने स्थिति को और भी तनावपूर्ण बना दिया। छात्रों पर हुए इस अत्याचार के बाद भारतीय चिकित्सा संघ (IMA) जालंधर ने डॉक्टरों के बीच एक दिन के लिए सेवाएं बंद करने की घोषणा की है।
आकस्मिक चिकित्सा सेवाएं रहेंगी चालू
बता दें कि इस घटना और उसके बाद की परिस्थितियों के विरोध में भारतीय चिकित्सा संघ (IMA) जालंधर ने आज यानी 17 अगस्त सुबह 6 बजे से 18 अगस्त 2024 सुबह 6 बजे तक 24 घंटे के लिए डॉक्टरों की सेवाएं बंद रखने का निर्णय लिया है। इस दौरान आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी OPD सेवाएं बंद रहेंगी और कोई भी वैकल्पिक सर्जरी नहीं की जाएगी। आकस्मिक चिकित्सा सेवाएं (कैजुअल्टी) चालू रहेंगी ताकि मरीजों को किसी तरह की असुविधा न हो।
मोमबत्तियां जलाकर की जाएगी प्रार्थना
IMA ने अपने सभी सदस्यों से अपील की है कि वे आज सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक IMA हाउस में एकत्रित हों और अपनी दिवंगत सहकर्मी के प्रति एकजुटता दिखाने के लिए विरोध प्रदर्शन में भाग लें। इस दौरान IMA हाउस में मोमबत्तियां जलाकर दिवंगत डॉक्टर की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की जाएगी।
विरोध प्रदर्शन का क्या है उद्देश्य
IMA के इस विरोध प्रदर्शन का उद्देश्य न केवल इस दुखद घटना के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर करना है, बल्कि सरकार और प्रशासन से डॉक्टरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग करना भी है। इस घटना ने डॉक्टरों और मेडिकल छात्रों के बीच सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता पैदा कर दी है। देशभर में मेडिकल समुदाय इस घटना के विरोध में खड़े हो रहे हैं, और उम्मीद जताई जा रही है कि इस एकजुटता से दोषियों को सजा दिलाने में मदद मिलेगी। वहीं IMA का यह विरोध प्रदर्शन डॉक्टरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
