यूं तो मां बनना हर महिला का सपना होता है लेकिन शादी से पहले कोई लड़की मां बन जाएं तो अक्सर उसका एबॉर्शन करवा दिया जाता है। ऐसे में अगर किसी लड़की को बिना बताए एबॉर्शन के दौरान उसका गर्भाशय ही निकाल दिया जाएं तो क्या होगा। बता दें कि हाल ही में एक ऐसी ही घटना उत्तर प्रदेश से सामने आई है। जहां एक बॉयफ्रेंड अपनी 5 महीने की प्रेग्नेंट गर्लफ्रेंड को एबॉर्शन कराने के लिए हॉस्पिटल ले गया। वहां डॉक्टरों ने एबॉर्शन के दौरान लड़की का गर्भाशय ही निकाल दिया, अब वो लड़की कभी मां नहीं बन सकती है।
क्या है पूरा मामला
बता दें यह मामला उत्तर प्रदेश के एक गांव से सामने आई है, जहां एक लड़की गांव के ही लड़के से प्यार करती थी। लेकिन जब लड़की ने लड़के को बताया कि वह 5 महीने की प्रेग्नेंट है तो उसने बच्चे को गिराने के लिए कहा। इसके बाद लड़की के बॉयफ्रेंड ने उसे फरीदपुर के डी के अस्पताल में एबॉर्शनके लिए ले गया। जहां डॉक्टरों की लापरवाही की वजह से एबॉर्शन के दौरान लड़की का गर्भाशय ही निकाल दिया गया।
जिसके बाद लड़की की हालत और ज्यादा बिगड़ने लगी। वहीं लड़की का बॉयफ्रेंड उसकी हालत देख उसे अकेले छोड़कर भाग निकला। ऐसे में डॉक्टरों ने लड़की के परिवारजनों को सूचित किया। इसके बाद परिवार वालों ने उसे दूसरे निजी अस्पताल में ले गए जहां वह आईसीयू में भर्ती है। हालांकि अब लड़की की हालत बेहतर है, लेकिन वह कभी मां नहीं बन सकती है।
इतना ही नहीं लड़की के पिता ने इस मामले में गांव के ही युवक यानी लड़की के बॉयफ्रेंड के ऊपर केस किया है कि उसने उसकी बेटी को अपहरण कर और कोल्ड ड्रिंक में नशा देकर शारीरिक संबंध बनाया है।
जांच होने पर पता चला डीके अस्पताल फर्जी
हालांकि इस मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस जांच में जुट गए। जांच के दौरान पता चल कि डीके अस्पताल गैर-कानूनी तरीके से चल रहा था। बता दें कि इस दौरान पुलिस ने डीके अस्पताल के आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। लेकिन लड़की का बॉयफ्रेंड अभी भी गायब है।
