दिल्ली के गृह विभाग मंत्री कैलाश गहलोत ने शनिवार को तिहाड़ जेल के जेल नंबर-3 और 6 का दौरा किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य कैदियों की स्थिति में सुधार लाना और जेल के कर्मचारियों की भलाई और सुविधाओं को बेहतर बनाना था। इस निरीक्षण के दौरान मंत्री गहलोत के साथ गृह विभाग सचिव चंचल यादव, जेल महानिदेशक सतीश गोलचा, अतिरिक्त महानिरीक्षक कारागार डॉ. अजय कुमार बिष्ट सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।

जेल में मेडिकल रिकॉर्ड्स के डिजिटलीकरण करने के निर्देश

मंत्री गहलोत ने तिहाड़ जेल के निरीक्षण के दौरान कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों का दौरा किया। उन्होंने सेंट्रल जेल नंबर 6, जिसे महिला बैरक के रूप में जाना जाता है, में व्यवसायिक प्रशिक्षण इकाई, सिलाई, आभूषण उत्पादन, और क्रेच जैसी प्रमुख इकाइयों का निरीक्षण किया। उन्होंने इन इकाइयों की कार्यप्रणाली और उनके योगदान की समीक्षा की। इसके अलावा मंत्री ने जेल में मेडिकल रिकॉर्ड्स के डिजिटलीकरण करने के निर्देश दिए, ताकि कैदियों के स्वास्थ्य से संबंधित जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार हो।

इलेक्ट्रिक वाहन सुविधा शुरू करने का प्रस्ताव

मंत्री गहलोत ने जेल नंबर 3 में स्थित गौशाला, लंगर (सामुदायिक रसोई), और 120 बिस्तरों वाले अस्पताल का भी निरीक्षण किया। उन्होंने इन सभी सुविधाओं के संचालन और उनकी प्रभावशीलता पर गहन समीक्षा की। निरीक्षण के बाद मंत्री ने तिहाड़ जेल में सुधार के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने विजिटर्स के लिए इलेक्ट्रिक वाहन सुविधा शुरू करने का प्रस्ताव रखा, जिससे विजिटर्स को सुविधा मिलेगी और पर्यावरण को भी नुकसान नहीं होगा।

इसके साथ ही, जेल फैक्ट्रियों के संचालन और उनकी उत्पादकता को बढ़ाने के निर्देश दिए गए। मंत्री ने जेल में बंद कैदियों को समाज की मुख्य धारा में शामिल करने के लिए गहन कौशल विकास कार्यक्रमों का विस्तार करने पर जोर दिया। उन्होंने जेल में भीड़ कम करने के लिए नरेला में प्रस्तावित जेल के निर्माण में तेजी लाने और बापरोला में जेल के लिए भूमि अधिग्रहण में तेजी लाने का निर्देश दिया।

शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम शुरू करने की अपील

कैदियों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर करने के लिए भी मंत्री गहलोत ने विशेष कार्यक्रम चलाने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने घोषणा की कि दिल्ली की सभी जेलों में एक व्यापक मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इसके अलावा उन्होंने पीडब्ल्यूडी को आपातकालीन आधार पर जेल के विभिन्न शौचालयों का नवीकरण और मरम्मत करने के निर्देश दिए।

मंत्री ने जेल स्टाफ को अधिक अवसर प्रदान करने का भी निर्देश दिया, जिससे कर्मचारियों का मनोबल बढ़े और वे अपनी जिम्मेदारियों को और भी बेहतर ढंग से निभा सकें। इन सभी प्रयासों का उद्देश्य तिहाड़ जेल में सुधार लाना और कैदियों को एक सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण प्रदान करना है, जिससे वे समाज में पुनः सम्मिलित हो सकें।

By tnm

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