जालंधर के एनएचएस अस्पताल में “विकास के साथ बढ़ती चुनौतियां” विषय पर एक विशेष शैक्षणिक मेडिकल कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम अस्पताल के ऑडिटोरियम में सीएएचओ, नर्सिंग होम एसोसिएशन और एनएचएस अस्पताल के संयुक्त सहयोग से संपन्न हुआ।
अस्पताल प्रबंधन पर विशेषज्ञों का मार्गदर्शन

कार्यक्रम का मार्गदर्शन एनएचएस अस्पताल के डायरेक्टर एवं न्यूरो-स्पाइन विशेषज्ञ डॉ. नवीन चितकारा ने किया। उन्होंने अस्पताल संचालन, विकास की रणनीति, इलाज की गुणवत्ता, दैनिक व्यवस्थाओं और नियमों के अनुपालन से जुड़ी चुनौतियों पर सरल भाषा में जानकारी दी।।
देशभर के डॉक्टरों की रही सहभागिता
इस दौरान 30 से अधिक डॉक्टरों ने अस्पताल में उपस्थित होकर भाग लिया, जबकि 30 से ज्यादा डॉक्टर ऑनलाइन माध्यम से जुड़े। पूरे दिन लगभग 10 महत्वपूर्ण जानकारी दिए गए, जिससे यह कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर पर सफल रहा।
कार्यक्रम का संचालन फोर्टिस अस्पताल के सीनियर सर्जन डॉ. नरेंद्र पॉल ने किया। इस अवसर पर चेन्नई से डॉ. बाबू नारायणन, दिल्ली मेडिकल काउंसिल के पूर्व अध्यक्ष डॉ. अरुण गुप्ता सहित कई वरिष्ठ डॉक्टरों ने अस्पताल प्रबंधन, नियमों के पालन और भविष्य की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर अपने विचार साझा किए।
बेहतर इलाज के लिए निरंतर प्रयास
डॉ. संदीप गोयल और डॉ. शुभांग अग्रवाल ने कहा कि एनएचएस अस्पताल ऐसे शैक्षणिक कार्यक्रमों के माध्यम से डॉक्टरों के पेशेवर विकास और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयास करता रहेगा।
कार्यक्रम में शामिल प्रमुख डॉक्टर
इस कार्यक्रम में देश के कई जाने-माने डॉक्टरों ने भाग लिया, जिनमें चेन्नई के डॉ. बाबू नारायणन, दिल्ली के डॉ. अरुण गुप्ता, डॉ. नरीन सहगल, डॉ. स्वपन सूद, डॉ. यश शर्मा, डॉ. जे.एस. थिंद, डॉ. अमित सिंघल, डॉ. नवीन चितकारा, डॉ. पंकज मित्तल, डॉ. नरेंद्र पॉल, डॉ. श्वेता प्रभाकर और डॉ. अमन माधोक शामिल रहे।
