रेड लाइट थेरेपी (RLT) एक ट्रीटमेंट प्रक्रिया है, जिसमें मरीज के इलाज के लिए रेड लाइट की Low-level wavelength का यूज किया जाता है। वहीं यह थेरेपी स्किन को हेल्दी बनाने, सूजन को कम करने और मांसपेशियों की रिकवरी को बढ़ाने की अपनी क्षमता के लिए जाना जाता है। लेकिन क्या लगातार रेड लाइट थेरेपी लेना सेहत के लिहाज से सही और सुरक्षित है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि रेड लाइट थेरेपी को नॉर्मले दैनिक उपयोग के लिए सुरक्षित माना जाता है।
RLT डिवाइस रेड लाइट थेरेपी के लिए बेहतर
बता दें कि इस थेरेपी में लो लेवल की रोशनी का यूज किया जाता है। ऐसा इसलिए क्योंकि इससे गर्मी का उत्सर्जन नहीं होता है या त्वचा या बॉडी के टिशू को नुकसान नहीं पहुंचती है। पराबैंगनी (UV) प्रकाश के विपरीत, जो अत्यधिक संपर्क में आने पर हानिकारक हो सकता है, रेड लाइट थेरेपी उन वेवलेंथ का उपयोग करती है जो सुरक्षित हैं। यही नहीं वैज्ञानिकों ने इसके सेहत फायदों के लिए बड़े पैमाने पर स्टडी भी किया गया है। द वेलनेस कंपनी के मुताबिक इस थेरेपी के लिए RLT डिवाइस का उपयोग करना बेहतर है। इतना ही नहीं ये RLT डिवाइस सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए दिशा-निर्देशों के साथ आते हैं।
रेड लाइट थेरेपी का दैनिक उपयोग करने के लाभ
स्किन की सेहत दुरुस्त होना
बॉडी में कोलेजन उत्पादन का बढ़ना
मांसपेशियों में दर्द का कम होना
ब्लड सर्कुलेशन बेहतर
सूजन कम होना
पुराने दर्द से छुटकारा
मूड और मानसिक स्वास्थ्य के लाभकारी
स्ट्रेस और डिप्रेशन के लक्षणों को कम करना
रेड लाइट थेरेपी लेने का सही तरीका
ड्यूरेशन और इन्टेन्सिटी
जब भी आप रेड थेरेपी लें प्रत्येक सेशन की ड्यूरेशन और इन्टेन्सिटी के बारे में अनुशंसित दिशानिर्देशों का पालन जरूर करें। आम तौर पर सेशन 10 से 20 मिनट तक चलते हैं। रेड लाइट के अत्यधिक संपर्क से भी कम लाभ और संभावित त्वचा जलन हो सकती है। छोटे सेशन से शुरू करना सबसे अच्छा है और धीरे-धीरे अवधि बढ़ाए। ऐसा करने से आपका शरीर ट्रीटमेंट के अनुकूल हो जाता है।
इंडिविजुअल रिस्पॉन्स
रेड लाइट थेरेपी सभी मरीजों में अलग-अलग हो सकती है। कुछ को इससे तुरंत लाभ मिल सकते हैं, जबकि अन्य को अधिक समय की आवश्यकता हो सकती है। यह निगरानी करना महत्वपूर्ण है कि आपका शरीर दैनिक उपचारों पर कैसे प्रतिक्रिया करता है और तदनुसार ही आप रेड लाइट थेरेपी लें। यदि आपको थेरेपी लेटे समय त्वचा में जलन या असुविधा महसूस होता है तो तुरंत सेशन के ड्यूरेशन और इन्टेन्सिटी को कम करें।
