हर घर में बर्तन धोने का अलग तरीका होता है। ऐसे में बहुत से लोग बर्तन धोने के लिए स्क्रब, स्पॉन्ज का यूज़ करते हैं। लेकिन बहुत से लोग एक ही स्क्रब को कई महीनों तक चलाते हैं। ऐसे में ये आपकी सेहत को बिगाड़ सकता है। दार्सल हाल ही में एक स्टडी में बात सामने आई है कि किचन स्क्रब और स्पॉन्ज में अत्यधिक मात्रा में बैक्टीरिया मौजूद होते हैं जो हमारी सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं। इतना है नही ये बैक्टीरिया टॉयेलट सीट से भी ज्यादा गंदे होते हैं। जिसका असर सीधे सेहत पर ही पड़ता है।
किचन स्क्रब में होते हैं ये बैक्टीरिया
आपको बता दें कि यदि आप लगातार एक ही बर्तन धोने वाले स्क्रब और स्पॉन्ज का का यूज़ करते हैं तो उसमे काफी बैक्टीरिया पनपते हैं। इनमें ई कोलाई, जलीय जीवाणु भारी मात्रा में पाए जाते हैं। ऐसा इसलिए होता है, क्योंकि लोग इन्हें जल्दी-जल्दी नहीं बदलते हैं और ना ही सुखने के लिए रखते हैं। इनका हर समय गीला रहना बैक्टीरिया को पनपने में मदद करता है जिससे गंभीर इंटेस्टाइनल और स्किन रोग होने के चांसेस रहते हैं।
आखिर कब बदलने की जरूरत होती है
बता दें कि आपको अपने किचन स्क्रब को प्रत्येक 2 से तीन सप्ताह बाद बदल देना चाहिए। ऐसा करने से आपकी किचन में बैक्टीरिया नहीं आयेंगे और आपकी सेहत भी अच्छी बनी रहेगी । इसके अलावा किचन स्क्रब जब लगातार गीले होते हैं और इनमें भोजन के छोटे-छोटे कण फंसे रहते हैं। तो इससे रोगजनकों के फैलने का रिस्क भी बढ़ जाता है। यह व्यंजन, बर्तनों और यहां तक कि सतहों पर भी फैल सकते हैं। ऐसे में गलती से आपके पेट में भी इनके जरिए ये रोगजनकों के जाने की संभावना बढ़ जाती है। इन बातों का रखें ध्यान
सबसे पहले तो आप हरेक 1-2 सप्ताह के बीच स्पॉन्ज को चेंज कर दें। उसकी जगह पर नया रख लें।
अगर आप ब्रश का यूज़ भी कर रहे हैं तो उसको भी बदल दें।
बर्तन साफ करने के बाद इन्हें भी अच्छे सा साफ़ कर लें।
भोजन के कण लगे हों तो इन्हें गीला न रहने दें
किचन स्क्रब को 5 मिनट के लिए ब्लीच सॉल्यूशन में डुबाकर रखें और फिर साफ कर सकते हैं।
इन्हें आप बर्तन साफ़ करने के बाद सिंक के पास न छोड़ें
यदि लगातार इस्तेमाल करने से स्क्रब घिस गए हैं या उसमें से दुर्गंध आने लगी है तो उन्हें हटा देना ही बेहतर है
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