दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में इलाज के लिए आने वाले मरीजों और परिवारजन के लिए अच्छी खबर है। अस्पताल प्रशासन ने ओवर क्राउडिंग और सुविधाओं की कमी से जूझ रहे मरीजों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए बड़े बदलावों की योजना बनाई है। अब एम्स में मरीजों को फाइव स्टार होटल जैसी सुविधाएं और VIP ट्रीटमेंट का अनुभव मिलेगा।
फाइव स्टार होटल जैसी सुविधाएं
अस्पताल प्रशासन ने निर्णय लिया है कि एम्स के मुख्य लाउंज को एयरपोर्ट की तर्ज पर बनाया जाएगा। इसका मतलब है कि अब मरीजों और उनके परिजनों को आरामदायक माहौल में इंतजार करने का मौका मिलेगा। एयर कंडीशनर लाउंज, आरामदायक बैठने की व्यवस्था और बेहतर वातावरण के साथ, यह लाउंज एम्स में आने वाले लोगों के लिए एक बेहतरीन अनुभव का हिस्सा बनेगा।
नई सुविधाएं और सेवाएं

एम्स में नई सुविधाओं के तहत एक न्यू वेटिंग हाल बनाया जाएगा, जहां पर लोग आराम से बैठ सकते हैं। इसके अलावा मरीजों और उनके परिवारों की सुविधा के लिए ई-बसें चलाई जाएंगी। ये ई-बसें पांच लोगों के बैठने की सुविधा के साथ एक दिन में पांच हजार से अधिक लोगों को सेवा प्रदान करेंगी। इसके साथ ही शौचालयों की संख्या बढ़ाई जाएगी और वेंडिंग मशीनों की सुविधा भी उपलब्ध होगी, जिससे लोगों को खाने-पीने की समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा।
हाईटेक लैब और शटल सेवाएं
साल के अंत तक एम्स की एमआरआई और अन्य जांचों की लैब को और भी हाईटेक बनाने की योजना है। यह अपग्रेडेशन मरीजों को उच्च गुणवत्ता की स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में मदद करेगा। इसके अलावा मौजूदा ई-शटल सेवाएं, जो मरीजों को एक गेट से दूसरे गेट तक पहुंचाने का काम करती हैं, को और भी सुचारू बनाया जाएगा। इन शटल सेवाओं से मरीजों को लंबी लाइनों और भीड़ से राहत मिलेगी।
बेहतर रुकने की व्यवस्था
एम्स में हो रहे इस अपग्रेडेशन का एक मुख्य उद्देश्य यह भी है कि मरीजों के साथ आने वाले परिजनों को रुकने की बेहतर व्यवस्था मिल सके। अब तक एम्स परिसर में गंदगी और असुविधाओं के कारण लोग अस्पताल के बाहर रुकने के लिए मजबूर होते थे। लेकिन इन नए बदलावों के साथ यह समस्या खत्म हो जाएगी और परिजनों को एक सुरक्षित और साफ-सुथरी जगह मिलेगी।
हजारों लोगों को मिलेगा लाभ
एम्स (AIIMS) में हो रहे इन सुधारों से हजारों लोगों को लाभ होगा। अब मरीजों और उनके अटेंडेंट को ओवर क्राउडिंग और असुविधाओं का सामना नहीं करना पड़ेगा। एम्स में किए जा रहे ये विश्वस्तरीय सुधार न केवल मरीजों की सुविधा को बढ़ाएंगे, बल्कि उनके लिए एक बेहतर और सम्मानजनक अनुभव भी प्रदान करेंगे। यह बदलाव एम्स को एक नई पहचान देने के साथ-साथ भारतीय चिकित्सा जगत में एक नई मिसाल स्थापित करेगा।
